
यह किताब सामाजिक कार्यकर्ताओं, शिक्षाविदों, पत्रकारों, एनजीओ से जुड़े लोगों या आम लोगों के लिए भी एक ज़रूरी किताब है। इसमें ग्रामीण विकास को लेकर ऐसे तथ्य और ऐसी रिपोर्टिंग की गई है जिसे सरकारी अधिकारी मानने के लिए राज़ी नहीं हो सकते।
इस पुस्तक में सुदूर इलाकों की अड़सठ रिपोर्टें, दस लेख और उनतीस तस्वीर हैं जो ग्रामीण भारत की व्यथा को सामने लाती है।
इसमें भूख है, बदहाल खेती है, सूदखोर महाजन हैं और बंधुआ मजदूर हैं। यह किताब हर संवेदनशील व्यक्ति के लिए एक ज़रूरी किताब है।
Imprint: Penguin Swadesh
Published: Sep/2023
ISBN: 9780143461487 (Paperback)
Length : 480 Pages
MRP : ₹599.00