
मेघदूत एक विख्यात गीतिकाव्य है, जिसमें यक्ष द्वारा मेघ से संदेश ले जाने की प्रार्थना और उसे दूत बनाकर अपनी प्रिय के पास भेजने का वर्णन है।
मेघदूत काव्य दो खंडों में विभक्त है। पूर्वमेघ में यक्ष बादल को रामगिरि से अलकापुरी तक के रास्ते का विवरण देता है और उत्तरमेघ में यक्ष का यह प्रसिद्ध विरहदग्ध संदेश है जिसमें कालिदास ने प्रेमी-हृदय की भावना को उड़ेल दिया है।
इस संस्करण का उद्देश्य विद्यार्थियों, शोधार्थियों और प्रतियोगियों के लिए एक ही स्थान पर सारगर्भित सामग्री को पाठ्यक्रम के अनुसार एवं महत्त्वपूर्ण प्रश्नोत्तरी सहित उपलब्ध कराना है।
मेघदूत के इस संस्करण का हिंदी अनुवाद महान शिक्षाशास्त्री डॉ. भगवतशरण उपाध्याय ने किया है एवं इसकी भूमिका हिंदी साहित्य के द्विवेदी युग के प्रणेता महावीर प्रसार द्विवेदी ने लिखी है।
Imprint: Penguin Swadesh
Published: May/2024
ISBN: 9780143467502 (Paperback)
Length : 192 Pages
MRP : ₹250.00