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Panchparmeshwar Aur Anya Kahaniyan / पंचपरमेश्वर और अन्य कहानियाँ

Panchparmeshwar Aur Anya Kahaniyan / पंचपरमेश्वर और अन्य कहानियाँ

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Paperback / Hardback

ईदगाह कहानी में हामिद का चरित्र हमें बताता है कि आर्थिक अभाव उम्र से पहले बच्चों में कैसे बड़ों जैसी समझदारी पैदा कर देता है। मेले में हामिद अपनी हर इच्छा पर संयम रखने में विजयी होता है।
नमक का दरोगा में एक ईमानदार नमक निरीक्षक की कहानी को बताया गया है, जिसने कालाबाजारी के विरुद्ध आवाज उठाई। यह कहानी धन के ऊपर धर्म के जीत की है।
पूस की रात कहानी किसान की फसल बर्बाद होने से ज़्यादा कर्ज और मजबूरी से मुक्ति पाने की ख़ुशी दिखाती है।
दो बैलों की कथा एक मार्मिक कहानी है, जो हीरा और मोती नाम के दो बैलों और उनके मालिक के बीच के गहरे संबंध को उजागर करती है।
पंच परमेश्वर कहानी से हमें यह शिक्षा मिलती है, कि पंच की भूमिका निभाते समय और न्याय की गद्दी पर बैठते समय पक्षपात नहीं करना चाहिए।
गुल्ली डंडा कहानी में बचपन में साथ गुल्ली डंडा खेलनेवाले दो दोस्त सालों बाद मिलते हैं, वे तब भी गुल्ली डंडा खेलते हैं, पर क्या तब उनमें बचपन वाली बात रह जाती है? जानने के लिए पढ़ें यह उत्कृष्ट पुस्तक।

Imprint: Penguin Swadesh

Published: Oct/2026

ISBN: 9789377303280 (Paperback)

Length : 104 Pages

MRP : ₹125.00

Panchparmeshwar Aur Anya Kahaniyan / पंचपरमेश्वर और अन्य कहानियाँ


ईदगाह कहानी में हामिद का चरित्र हमें बताता है कि आर्थिक अभाव उम्र से पहले बच्चों में कैसे बड़ों जैसी समझदारी पैदा कर देता है। मेले में हामिद अपनी हर इच्छा पर संयम रखने में विजयी होता है।
नमक का दरोगा में एक ईमानदार नमक निरीक्षक की कहानी को बताया गया है, जिसने कालाबाजारी के विरुद्ध आवाज उठाई। यह कहानी धन के ऊपर धर्म के जीत की है।
पूस की रात कहानी किसान की फसल बर्बाद होने से ज़्यादा कर्ज और मजबूरी से मुक्ति पाने की ख़ुशी दिखाती है।
दो बैलों की कथा एक मार्मिक कहानी है, जो हीरा और मोती नाम के दो बैलों और उनके मालिक के बीच के गहरे संबंध को उजागर करती है।
पंच परमेश्वर कहानी से हमें यह शिक्षा मिलती है, कि पंच की भूमिका निभाते समय और न्याय की गद्दी पर बैठते समय पक्षपात नहीं करना चाहिए।
गुल्ली डंडा कहानी में बचपन में साथ गुल्ली डंडा खेलनेवाले दो दोस्त सालों बाद मिलते हैं, वे तब भी गुल्ली डंडा खेलते हैं, पर क्या तब उनमें बचपन वाली बात रह जाती है? जानने के लिए पढ़ें यह उत्कृष्ट पुस्तक।

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