
योगीराज श्रीकृष्ण’ पंजाब केसरी लाला लाजपत राय द्वारा रचित एक अत्यंत प्रभावशाली और वैचारिक शोधपरक जीवनी है। इस पुस्तक को लिखने का मुख्य उद्देश्य विदेशी इतिहासकारों तथा तत्कालीन सरकारी स्कूलों में श्रीकृष्ण के चरित्र को लेकर फैलाई गई भ्रांतियों व आक्षेपों का तार्किक खंडन करना था। लाला लाजपत राय ने श्रीकृष्ण को अलौकिक चमत्कारों के घेरे से बाहर निकालकर एक आदर्श राष्ट्र-निर्माता, चतुर राजनीतिज्ञ, महान परोपकारी और कर्मयोगी के रूप में समाज के सामने प्रस्तुत किया। यह पुस्तक न केवल श्रीकृष्ण के वास्तविक और ओजस्वी रूप को स्थापित करती है, बल्कि स्वाधीनता संग्राम के दौरान भारतीयों में देशभक्ति, आत्मज्ञान और कर्मयोग की भावना जगाने का एक महत्त्वपूर्ण माध्यम भी बनी।
Imprint: Penguin Swadesh
Published: Feb/2027
ISBN: 9789377308513 (Paperback)
Length : 160 Pages
MRP : ₹199.00